नई दिल्ली: दिल्ली नगर निगम (एमसीडी) की स्थायी समिति एक एकीकृत नीति प्रस्तावित करने जा रही है, जिसके तहत रेजिडेंट वेलफेयर एसोसिएशन (आरडब्ल्यूए) को सार्वजनिक-निजी भागीदारी ढांचे के तहत उद्यानों और हरित क्षेत्रों को गोद लेने तथा उनका रखरखाव करने की अनुमति दी जाएगी।
वर्तमान में बागवानी विभाग 5,200 एकड़ में फैले 15,000 से अधिक उद्यानों का रखरखाव करता है, लेकिन माली की कमी का सामना कर रहा है। उन्होंने बताया कि संशोधित योजना के तहत, आरडब्ल्यूए अपने स्वयं के कर्मचारियों का उपयोग करके उद्यानों का रखरखाव कर सकते हैं, जबकि विभाग रखरखाव शुल्क प्रदान करेगा।
अधिकारियों ने 20 फरवरी को बताया, ”एकीकृत नीति के तहत दिल्ली नगर निगम के सभी 12 जोन में प्रति एकड़ प्रति माह 13,500 रुपए की वित्तीय सहायता देने की सिफारिश की गई है।