देहरादून। कोटक महिंद्रा एसेट मैनेजमेंट कंपनी लिमिटेड ( केएमएएमसी / कोटक म्यूचुअल फंड) ने कोटक फ्लेक्सी कैप फंड के 15 साल पूरे होने की घोषणा की। इस योजना ने शुरू होने से अब तक 16.59 प्रतिशत की सालाना औसत रिटर्न (सीएजीआर) दिया है और अलग-अलग मार्केट साइकिल में लंबी अवधि में मजबूत प्रदर्शन किया है।
कोटक महिंद्रा एसेट मैनेजमेंट कंपनी लिमिटेड के मैनेजिंग डायरेक्टर, नीलेश शाह ने कहा कि, “कोटक फ्लेक्सी कैप फंड के 15 साल पूरे होना हमारे लिए और उन निवेशकों के लिए गर्व की बात है, जो लगातार इस फंड से जुड़े रहे हैं। फ्लेक्सी कैप फंड की कैटेगरी आज भी बहुत अहम है, क्योंकि यह निवेशकों को भारत की ग्रोथ की यात्रा में अलग-अलग सेगमेंट्स में निवेश का मौका देती है, जबकि मार्केट कैपिटलाइजेशन से जुड़े फैसले एक अनुभवी निवेश टीम पर छोड़ दिए जाते हैं।”
31 दिसंबर 2025 तक, कोटक फ्लेक्सी कैप फंड डायरेक्ट प्लान – ग्रोथ ऑप्शन ने पिछले 10 साल में 15.70 फीसदी और पिछले 5 साल में 16.87 फीसदी की सालाना औसत रिटर्न (सीएजीआर) दिया है। इस फंड का मैनेजमेंट हर्ष उपाध्याय कर रहे हैं, जो कोटक महिंद्रा एएमसी के सीआईओ हैं। उनकी निवेश को लेकर सोच सटेबल इनकम, मजबूत कॉर्पोरेट गवर्नेंस और पूंजी के सही उपयोग पर आधारित है।
हर्षा उपाध्याय ने कहा कि, “कोटक फ्लेक्सी कैप फंड ने पिछले 15 साल में अलग-अलग मार्केट फेज को सफलतापूर्वक पार किया है, क्योंकि यह हमेशा मजबूत और लंबे समय तक कमाई करने वाली कंपनियों में निवेश पर केंद्रित रहा है, जिनमें पूंजी का सही इस्तेमाल होता है। हमारा फोकस हमेशा गहराई से की गई रिसर्च पर आधारित सही शेयर चुनने पर रहा है, न कि थोड़े समय के ट्रेंड्स के पीछे भागने पर। इसी सोच की वजह से यह फंड भारत की ग्रोथ स्टोरी में अच्छी भागीदारी कर पाया है और निवेशकों को लंबे समय में लगातार अच्छे नतीजे देने की कोशिश करता रहा है।
फ्लेक्सी कैप फंड लार्ज कैप, मिड कैप और स्मॉल कैप कंपनियों में निवेश करके बदलते बाजार हालात के अनुसार खुद को ढालने की सुविधा देते हैं। दिसंबर 2025 तक, कोटक फ्लेक्सी कैप फंड का लगभग 73 फीसदी निवेश बड़ी कंपनियों में, 19 फीसदी मिडकैप कंपनियों में और 5 फीसदी स्मॉल कैप कंपनियों में है। इस फंड का पोर्टफोलियो सेक्टर के बड़े नजरिए और गहराई से किए गए शेयर चयन का मिक्स है। इसमें प्रमुख रूप से फाइनेंशियल सर्विसेज, ऑटोमोबाइल और ऑटो कंपोनेंट्स, कैपिटल गुड्स, केमिकल्स, कंस्ट्रक्शन मटेरियल और कंज्यूमर सर्विसेज सेक्टर शामिल हैं। फंड की रिसर्च-आधारित रणनीति सही वैल्यूएशन और कमाई की स्पष्टता के साथ लंबे समय के निवेश अवसर पहचानने में मदद करती है।